
Raipur News:– राजधानी रायपुर की क्राइम ब्रांच पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। धमतरी के एक कारोबारी ने दावा किया है कि चेकिंग के दौरान क्राइम ब्रांच में पदस्थ पांच पुलिसकर्मियों ने उसकी कार से दो लाख रुपये निकाल लिए। पीड़ित ने इस घटना की शिकायत दुर्ग एसएसपी से की, जिसके बाद दुर्ग पुलिस ने पूरा प्रतिवेदन रायपुर एसएसपी को भेज दिया। मामले में कार्रवाई करते हुए रायपुर एसएसपी ने क्राइम ब्रांच में पदस्थ आरक्षक प्रशांत शुक्ला को निलंबित कर दिया है। साथ ही पूरी जांच शुरू कर दी गई है।
सूत्रों के अनुसार, 18 अक्टूबर की रात रायपुर क्राइम ब्रांच को एक संदिग्ध कार की सूचना मिली थी। टीम उस कार का पीछा करते हुए कुम्हारी मार्ग से दुर्ग तक पहुंची, मगर संदिग्ध वाहन उन्हें चकमा देकर फरार हो गया। कार की तलाश में पुलिसकर्मी पद्मनाभपुर थाना क्षेत्र के विद्युत नगर पहुंचे, जहां कारोबारी मयंक गोस्वामी का घर है।
मयंक गोस्वामी ने शिकायत में बताया कि वे धमतरी में बुलेट शोरूम चलाते हैं और घटना वाली रात जब वे घर पहुंचे, तभी क्राइम ब्रांच की टीम पीछे-पीछे उनके घर पहुंच गई। पुलिसकर्मियों ने बिना कोई जानकारी दिए उन्हें कार से उतारकर जांच शुरू कर दी। इस दौरान टीम में आरक्षक प्रशांत शुक्ला, धनंजय गोस्वामी, प्रमोद वट्टी, अमित समेत पांच जवान मौजूद थे।
कारोबारी ने आरोप लगाया कि तलाशी के दौरान उनकी कार में रखे ₹2 लाख नकद चोरी हो गए। घटना से जुड़ा सीसीटीवी फुटेज भी उन्होंने दुर्ग पुलिस को सौंपा है, जिसमें कथित तौर पर पुलिसकर्मियों की हरकतें कैद हैं।
पीड़ित की शिकायत पर दुर्ग पुलिस ने रिपोर्ट रायपुर एसएसपी को भेज दी, जिसके बाद रायपुर पुलिस ने त्वरित संज्ञान लेते हुए आरक्षक प्रशांत शुक्ला को लाइन अटैच (सस्पेंड) कर दिया है। घटना के उजागर होते ही रायपुर पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है।
