
अंकित सिंह : विशेष संवाददाता
कोरबा। शहर के सबसे व्यस्त और भीड़भाड़ वाले व्यापारिक इलाकों में शामिल बुधवारी बाजार में रविवार को नगर पालिक निगम ने अतिक्रमण के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया। सड़क किनारे वर्षों से लगे ठेलों और अस्थायी दुकानों को हटाने की कार्रवाई शुरू होते ही पूरे क्षेत्र में हलचल मच गई। निगम की टीम ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थित तरीके से सड़क किनारे फैले अतिक्रमण को हटाना शुरू किया। इस कार्रवाई के बाद उम्मीद जताई जा रही है कि अब इस क्षेत्र में जाम, अव्यवस्थित पार्किंग और संकरी होती सड़क की समस्या से लोगों को काफी हद तक राहत मिल सकेगी।
नगर पालिक निगम के अतिक्रमण निरोधी दस्ते ने आयुक्त आशुतोष पाण्डेय के निर्देश पर शहर को स्वच्छ, व्यवस्थित और कब्जा मुक्त बनाने की दिशा में यह अभियान तेज कर दिया है। निगम प्रशासन का कहना है कि शहर की प्रमुख सड़कों और बाजारों को अतिक्रमण से मुक्त कराना प्राथमिकता में शामिल है, ताकि आम लोगों को बेहतर यातायात सुविधा मिल सके।
बताया जा रहा है कि बुधवारी बाजार क्षेत्र लंबे समय से अतिक्रमण की समस्या से जूझ रहा था। सड़क किनारे बड़ी संख्या में ठेले और अस्थायी दुकानें लगने के कारण मार्ग काफी संकरा हो गया था। बाजार लगने के समय यहां अक्सर जाम की स्थिति बन जाती थी और वाहनों की लंबी कतारें लग जाती थीं। स्थिति यह थी कि कई बार दोपहिया वाहन निकालना भी मुश्किल हो जाता था, जबकि चार पहिया वाहन और बड़े वाहन पूरी तरह फंस जाते थे।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यहां अनियमित तरीके से खड़े वाहनों और सड़क पर फैले ठेलों के कारण अव्यवस्था का माहौल बन गया था। पैदल चलने वालों को भी सड़क के बीच से होकर गुजरना पड़ता था, जिससे दुर्घटना का खतरा बना रहता था। कई बार एम्बुलेंस और आपातकालीन सेवाओं के वाहन भी जाम में फंस जाते थे।
इन्हीं समस्याओं को देखते हुए नगर निगम ने बुधवारी बाजार क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की। निगम की टीम ने सबसे पहले ठेला संचालकों और अस्थायी दुकानदारों को समझाइश दी कि वे सड़क से अपना सामान हटाकर यातायात मार्ग को खाली रखें। इसके बाद निगम कर्मचारियों ने कई ठेलों और अस्थायी दुकानों को वहां से हटवाया और सड़क किनारे रखे गए सामान को भी साफ कराया।
कार्रवाई के दौरान क्षेत्र में काफी हलचल देखने को मिली। कई ठेला संचालक जल्दबाजी में अपना सामान समेटते नजर आए, जबकि कुछ लोगों ने अपनी रोजी-रोटी को लेकर चिंता भी जताई। उनका कहना था कि वे लंबे समय से यहां ठेला लगाकर अपना जीवनयापन कर रहे हैं और अचानक इस तरह कार्रवाई होने से उन्हें परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
हालांकि नगर निगम प्रशासन का कहना है कि ठेला संचालकों के लिए पहले से ही वेंडिंग जोन की व्यवस्था की गई है। निगम अधिकारियों के मुताबिक पहले वेंडिंग जोन निर्धारित किया गया और अस्थायी दुकानों की व्यवस्था भी की गई, लेकिन इसके बावजूद कई ठेला संचालकों द्वारा नियमों की अनदेखी करते हुए सड़कों को ही व्यावसायिक केंद्र बना लिया गया था।

नगर निगम का कहना है कि सड़क पर बढ़ते अतिक्रमण के कारण शहर की यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही थी। यही कारण है कि अब ऐसे लोगों पर प्रभावी कार्रवाई की जा रही है जो नियमों की अनदेखी कर सड़कों को ही व्यापार का स्थायी केंद्र बना रहे थे।
निगम अधिकारियों के अनुसार शहर को स्वच्छ, सुरक्षित और व्यवस्थित बनाना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। यदि सड़कों पर अतिक्रमण रहेगा तो न केवल यातायात व्यवस्था बिगड़ेगी, बल्कि दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ेगा। इसलिए ऐसे स्थानों पर नियमित रूप से अभियान चलाकर अतिक्रमण हटाया जाएगा।
फिलहाल बुधवारी बाजार क्षेत्र में नगर निगम की टीम निगरानी बनाए हुए है और सड़क किनारे दोबारा अतिक्रमण न हो इसके लिए भी लगातार कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन को उम्मीद है कि इस अभियान के बाद क्षेत्र में यातायात व्यवस्था बेहतर होगी और लोगों को जाम व अव्यवस्था से काफी राहत मिलेगी।

Leave a Reply