नशे में टल्ली युवक– युवतियों के हंगामे की खबर पर पुलिस ने दर्ज की एफआईआर, रसूखदार बार संचालक पर कोई कार्यवाही नहीं, उल्टे बार मैनेजर को बना दिया प्रार्थी



Bilaspur News:–  देर रात बार के बाहर नशा कर हाथ में बीयर की बोतलें ले हंगामा करने वाले युवक– युवतियों के खिलाफ सोशल मीडिया में वीडियो वायरल होने पर पांच दिन बाद अपराध दर्ज किया गया है। वही रसूखदार बार संचालक पर कोई कार्यवाही नहीं कर उसे चेतावनी देने की बात पुलिस कह रही है। उल्टा बार मैनेजर को ही पुलिस ने प्रार्थी बना दिया है।

बिलासपुर। नशे में धुत्त युवाओं के सोशल मीडिया में वीडियो प्रसारित होने के साथ ही खबर प्रकाशित होने पर बिलासपुर पुलिस ने संज्ञान लिया है। बार के बाहर हाथ में शराब की बोतल ले हंगामा बचाने वाले लड़के लड़कियों के खिलाफ सिरगिट्टी पुलिस ने अपराध कायम किया है। पर देर रात खुले जिस बार के चलते यह पूरा विवाद हुआ उस रसूखदार बार संचालक पर कोई कार्यवाही नहीं की गई है।

उल्टा बार के मैनेजर को प्रार्थी बना दिया गया है। मामला सिरगिट्टी थाना क्षेत्र का है।

सिरगिट्टी थाना क्षेत्र के पेट्रिशियन होटल में इल्युम बार संचालित है। देर रात खुलने वाले बार की वजह से अक्सर यहां विवाद की स्थिति बनती है। पर सिरगिट्टी पुलिस व आबकारी विभाग इस ओर आंखें मुंदा रहता है। पुलिस के घूमने वाली पेट्रोलिंग व गुंबर चौक में पुलिस की वाहन चेकिंग पॉइंट की भी नजर इस ओर नही जाती।  बीते दिनों 9–10 जून की दरमियानी रात भी  देर रात तक खुले बार से  निकल कर नशे में झूमते हुए लड़के–लड़कियों के बीच विवाद हो गया था। नशे में धुत्त युवा हाथ में बीयर की बोतलें ले एक दूसरे के साथ बहस करते हुए एक दूसरे से विवाद  कर रहे हैं। बार का बाउंसर विवाद सुलझाता हुआ बीच बचाव कर रहा है। पूरी घटना देर रात डेढ़ से दो बजे के बीच की बताई जा रही है। पूरे वाकये का वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो रहा है।

सोशल मीडिया में वीडियो वायरल होने व खबर प्रकाशित होने पर घटना के 5 दिन बाद सिरगिट्टी पुलिस की नींद खुली है। पुलिस ने वीडियो में दिखाई दे रहे तीन युवा 27 वर्षीय अमर आनंद, 27 वर्षीय शैलेंद्र शर्मा, वह 27 वर्षीय आकाश निर्मलकर के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की है। इसके अलावा हंगामा करने पर धारा 160 के तहत बुलबुल साहू, नेहा सूर्या व अन्य के खिलाफ अपराध भी दर्ज किया गया है।

बार संचालक को सिर्फ चेतावनी,  उल्टा मैनेजर को बना दिया प्रार्थी..

बार के बाहर हंगामा करने वालों के खिलाफ कार्यवाही तो की गई।  पर जिस  बार के देर रात खुलने के चलते यह हंगामा हुआ था उस रसूखदार बार संचालक या उसके मैनेजर पर कोई कार्यवाही पुलिस द्वारा नहीं की गई। बता दे कि हंगामें का वायरल वीडियो रात डेढ़ से 2 बजे के बीच का है। इससे पहले भी पुलिस ने शहर के बारों में कार्यवाही की है। मैग्नेटो मॉल में संचालित भूगोल बार के देर रात खुलने पर सिविल लाइन पुलिस ने वहां रेड मारकर बार का लाइसेंस निरस्त करने के लिए आबकारी विभाग को लिख दिया था। तब से बार में ताला लग गया है। सिटी मॉल में संचालित तंत्रा बार में युवतियों के साथ डांस करने के विवाद में युवतियों के साथ गए युवकों की बार से वापस लौटते समय बदमाशों ने माल के पार्किंग में पिटाई कर दी थी। मामले में सिविल लाइन पुलिस ने बदमाशों के अलावा बार के मैनेजर के खिलाफ भी प्रतिबंधात्मक कार्यवाही की थी। पर इस मामले में पुलिस ने बार के संचालक  व मैनेजर पर कोई कार्यवाही न कर चेतावनी देने की बात पुलिस कह रही है।

  चाकूबाजी पर पुलिस का एक्शन: 3 लड़कियों के साथ दो युवक गिरफ्तार, फरार आरोपियों की तलाश जारी



मैनेजर द्वारा नाम पता कर एफआईआर की बात कही पुलिस ने, वही दूसरी ओर प्रार्थी…

मामले में पुलिस द्वारा जो विज्ञप्ति जारी की गई है उसमें बताया गया है कि 9–10 जून की मध्य रात्रि जिन्होंने बार  के बाहर विवाद किया  उनके खिलाफ मैनेजर व स्टाफ के द्वारा नाम पता कर 15 जून को अपराध दर्ज करवाया गया है। जबकि  प्रार्थी बने बार के मैनेजर प्रबल ज्योति द्वारा दर्ज एफआईआर मैं कहां गया है कि बार में अक्सर आने वाले बुलबुल साहू एवं नेहा सूर्या  हमेशा बार में आते रहते हैं इसलिए मैं उनका नाम जानता हूं। मैनेजर ने आगे यह भी कहा है कि बातचीत के दौरान उसने उन लड़कों का नाम सुना है। 

एक तरफ पुलिस का कहना है कि 5 दिन बाद नाम पता करने के बाद बार मैनेजर ने अपराध दर्ज करवाया। जबकि बार मैनेजर का कहना है कि पूर्व से ही वह उनके नाम जानता था और वह अपने मालिक की सलाह मसवरे से 15 जून को अपराध दर्ज करवा रहा है। ऐसे में अब देखना यह है कि आगे रसूखदार बार संचालकों के द्वारा नियमों का पालन किया जाता है या अपनी पहुंच के बल पर  आगे भी ये मनमानी करते  रहते हैं।

Be the first to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.


*


This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.